Monday, January 7, 2019

Chahat na hoti, kuch bhi na hota

चाहत नदियां (river), चाहत सागर,()
चाहत धरती (earth), चाहत अम्बर (sky)

चाहत राधा, चाहत गिरधर, 
दिल का धड़कना यही चाहत है, 
नींद न आना यही चाहत है

चाहत न होती कुछ भी न होता, 
चाहत न होती कुछ भी न होता, 
मैं भी न होती, तू भी न होता 
मैं भी न होती, तू भी न होता 

दिल का धड़कना यही चाहत है, 
नींद न आना यही चाहत है

चाहत न होती कुछ भी न होता, 
चाहत न होती कुछ भी न होता, 
तू भी न होती,  मैं भी न होता 
तू भी न होती,  मैं भी न होता 




तुम मुझसे अलग कब हो, 
मैं तुझसे जुदा कब हूँ 
पानी में कमल जैसे, 
रहते हो मुझी मैं तुम,

देखूं तो तुम्हें देखूं, 
सोचूँ तो तुम्हें सोचूं, 
सागर में नदी जैसे, 
बहते हो मुझी में तुम 

चाहत खुशबू, चाहत रंगत, 
चाहत मूरत, चाहत खुदरत, 
चाहत गंगा, चाहत जमुना, 
होश गवाना यही चाहत है, 
जान से जाना, यही चाहत है, 
चाहत न होती, कुछ भी न होता, 
चाहत न होती, कुछ भी न होता, 
मैं भी न होती, तू भी न होता, 
तू भी न होती, मैं भी न होता !!

जब तू नहीं होता है , 
उस वक़्त भी हर शय में,  
हर गीत में, हर लय में, 
तू ही नज़र आता है. 

हाँ, बिखरा के कभी ज़ुल्फ़ें, 
चमकाके कभी चेहरा, 
तुम ही मेरी दुनिया के 
दिन रात सजाते हो 

चाहत घूंगट, चाहत दर्पण, 
चाहत सजनी, चाहत साजन 
चाहत पूजा, चाहत दरशन
आँख भर आना, यही चाहत है, 
जी घबराना यही चाहत है 

चाहत न होती, कुछ भी न होता, 
चाहत न होती, कुछ भी न होता, 
मैं भी न होती,तू भी न होता, 
तू भी न होती, मैं भी न होता !!

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